July 12, 2020

वित्त मंत्री ने कहा- हर खाताधारक का पैसा सुरक्षित, बैंक को बचाने के लिए सरकार और आरबीआई साथ काम कर रहे

212 Views

नई दिल्ली. वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा है कि यस बैंक को बचाने के लिए सरकार और आरबीआई साथ काम कर रहे हैं। वित्त मंत्री ने हर खाताधारक को भरोसा दिलाया कि उनका पैसा सुरक्षित है और वे लगातार आरबीआई के संपर्क में हैं। उन्होंने कहा कि सरकार बैंक के लिए जल्द ही रिजोल्यूशन प्लान लेकर आएगी। सीतारमण ने कहा कि पिछले दो महीनों से वह व्यक्तिगत रूप से स्थिति को देख रही हैं। अभी लिए गए निर्णय सभी के हित में हैं। उन्होंने कहा कि वह आरबीआई से बात करेंगी कि यस बैंक के जमाकर्ताओं को नकदी की समस्या का सामना न करना पड़े। वित्त मंत्री ने कहा कि आरबीआई से आकलन करने के लिए कहा गया है कि बैंक में आई कठिनाइयों का कारण क्या है, समस्या के लिए ज़िम्मेदार कौन हैं, उनकी पहचान की जाए। इसके साथ ही कम से कम एक साल के लिए बैंक में काम करने वालों का रोजगार और वेतन सुनिश्चित किया जाएगा।
यस बैंक का समाधान बहुत तेजी से कर लिया जाएगा: आरबीआई गर्वनर
आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने शुक्रवार को कहा कि बैंक से जुड़े मुद्दों का समाधान बहुत जल्दी कर लिया जाएगा। इसके लिए 30 दिन की समय सीमा तय की गई है। रिजर्व बैंक इस दिशा में जल्द कार्रवाई करेगा। उन्होंने कहा कि यस बैंक पर रोक लगाने का निर्णय किसी एक इकाई को ध्यान में रखकर नहीं किया गया है। यह निर्णय देश के बैंकिंग और वित्तीय प्रणाली की सुरक्षा और स्थिरता को बनाए रखने के लिए किया गया है।
यस बैंक की समस्या सिर्फ उससे जुड़ी: रजनीश कुमार
भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के चेयरमैन रजनीश कुमार ने कहा कि यस बैंक की समस्या सिर्फ उससे जुड़ी है, यह पूरे बैंकिंग सेक्टर की समस्या नहीं है। उन्होंने यह बात रिजर्व बैंक द्वारा यस बैंक पर रोक लगाने के अगले दिन कही। यस बैंक में एसबीआई की हिस्सेदारी खरीदने पर उन्होंने कहा कि बैंक को ऐसा करने की सैद्धांतिक मंजूरी पहले ही मिल चुकी है। स्टेट बैंक ने कहा है कि यस बैंक मामले में निवेश के सभी विकल्प खुले हुए हैं। उन्होंने ये भी कहा कि ग्राहकों चिंता करने की जरूरत नहीं है। उनका जमा पैसा पूरी तरह सुरक्षित है।

यस बैंक के ग्राहकों के हितों की रक्षा की जाएगी : चीफ इकनॉमिक एडवायजर
चीफ इकनॉमिक एडवायजर कृष्णमूर्ति सुब्रमण्यम ने यस बैंक के ग्राहकों के हितों की सुरक्षा का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि बैंक के डिपॉजिटर्स का पैसा सुरक्षित है और बैंक के रिस्ट्रक्चरिंग के सभी विकल्पों पर विचार किया जा रहा है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के साथ बैठक के बाद सुब्रमण्यम ने कहा कि रिजर्व बैंक ने सही कदम उठाया है। सभी डिपाजिटर्स का पैसा सुरक्षित है।

यस बैंक से खाताधारक अधिकतम 50 हजार रुपए ही निकाल सकेंगे
आरबीआई ने यस बैंक से पैसा निकालने की ऊपरी सीमा निर्धारित कर दी है। अब बैंक के खाताधारक अधिकतम 50 हजार रुपए ही निकाल सकेंगे। यस बैंक की आर्थिक स्थिति में गंभीर गिरावट आने के बाद रिजर्व बैंक ने 30 दिन के लिए उसके बोर्ड का नियंत्रण अपने हाथ में ले लिया है। एसबीआई के पूर्व डीएमडी और सीएफओ प्रशांत कुमार को बैंक का प्रशासक बनाया गया है।
सेंसेक्स 37,576.62 और निफ्टी 289.45 अंक गिरकर 10,979.55 पर बंद हुआ
कोरोनावायरस और यस बैंक के नकदी संकट की वजह से बाजार पर दबाव
डॉलर के मुकाबले रुपया 65 पैसे कमजोर होकर 73.99 रुपए तक लुढ़का
Dainik BhaskarMar 06, 2020, 06:43 PM IST
मुंबई. कोरोनावायरस और यस बैंक संकट से घबराए निवेशकों ने शुक्रवार को भारी संख्या में शेयर बेंचे। इससे सेंसेक्स 893.99 अंक नीचे गिरकर 37,576.62 अंकों पर बंद हुआ। इसी तरह, निफ्टी 289.45 अंक नीचे गिरकर 11,000 के नीचे पहुंच गया। निफ्टी10,979.55 अंकों पर बंद हुआ। बीएसई पर यस बैंक के शेयर 56% और निफ्टी पर 74% नीचे गिरे। बीएसई पर टाटा स्टील के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट रही। केवल बजाज ऑटो, मारुति और एशियन पेंट्स के शेयरों में तेजी देखने को मिली।

बाजार खुलते ही सेंसेक्स 1459 अंक नीचे गिरा
शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 1459 प्वाइंट लुढ़क कर 37,011.09 पर आ गया। निफ्टी भी 442 अंक गिरकर 10,827.40 अंकों पर पहुंच गया। एनएसई पर यस बैंक के शेयर 76% तक नीचे गिर गए। एसबीआई के शेयर में 12% की गिरावट के साथ खुले। गुरुवार को ऐसी रिपोर्ट आई थी कि यस बैंक को बचाने के लिए सरकार एसबीआई को आगे कर सकती है, इस कारण एसबीआई के शेयरों में गिरावट देखने को मिली।

यस बैंक से जुड़ी 5 और खबरें

यस बैंक संकट : ग्राहक एक महीने में सिर्फ 50 हजार निकाल सकेंगे; आपके पैसे का क्या होगा, 6 सवाल-जवाब में समझें
दिवालिया कंपनियों को लोन देने में आगे रही यस बैंक, जेट एयरवेज, IL&FS और DHFL सहित कइयों को दिया कर्ज
जिस राणा कपूर ने शुरू किया था यस बैंक, उन्हीं ने कारोबारी घरानों को लोन देकर बैंक को बनाया कर्जदार
वित्त मंत्री ने कहा- हर खाताधारक का पैसा सुरक्षित, यस बैंक को बचाने के लिए सरकार और आरबीआई साथ काम कर रहे
यस बैंक के खाताधारक 50 हजार रु. से ज्यादा नहीं निकाल सकेंगे, आरबीआई ने लिमिट तय की
बाजार में आई गिरावट के चार प्रमुख कारण

कोरोनावायरस का संक्रमण लगातार बढ़ रहा है। दुनियाभर में संक्रमित लोगों की संख्या 1 लाख के पास पहुंचने वाली और 3,000 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है।
यस बैंक पिछले काफी समय से फंड जुटाने की कोशिश कर रहा है। आरबीआई ने बैंक में लेनदेन पर 50,000 रुपए तक की सीमा तय की, इसके बाद निवेशकों में घबराहट फैल गई।
विदेशी निवेशक लगातार भारतीय बाजारों से पैसा निकाल रहे हैं। पिछले 14 कारोबारी सत्रों में एफआईआई भारतीय बाजार से 18,343 करोड़ रुपए निकाल चुके हैं।
वैश्विक बाजारों के गिरने का दबाव भी बाजार पर है। अमेरिकी बाजार डाउ जोंस 3.58% और नैस्डैक 3.10% नीचे है। निक्केई 2.94% और ऑस्ट्रेलियाई बाजार 2.44% नीचे है।
सेंसेक्स में बैंकिंग शेयरों का बुरा हाल

बैंक बंद भाव गिरावट
यस बैंक 16.20 56.04%
आईडीबीआई 27.15 9.20%
एसबीआई 270.45 6.19%
पीएनबी 42.30 5.79%
इंड्सइंड बैंक 1014.30 5.62%
आईसीआईसी बैंक 486.25 3.67%
बैंक ऑफ बड़ौदा 71.80 2.51%
एचडीएफसी बैंक 1134.85 1.46%
राहुल गांधी और चिदंबरम के ट्वीट

यस बैंक पर आए संकट को लेकर कांग्रेस पार्टी ने पूर्व पीएम मनमोहन सिंह के ट्वीट से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एडवाइस दी हैं। वहीं, राहुल गांधी ने ट्वीट किया कि पीएम मोदी और उनके विचारों को भारत की अर्थव्यवस्था को नष्ट कर दिया है। इधर पी. चिदंबरम ने ट्वीट करके पूछा कि सरकार बताए यस बैंक पर कितना कर्ज है।
विदेशी बाजारों का हाल

इंडेक्स/देश गिरावट
नैस्डेक (अमेरिका) 3.10%
एफटीएसई (लंदन) 1.62%
सीएसी (फ्रांस) 1.90%
निक्केई (जापान) 2.86%
हेंगसेंग (हॉन्गकॉन्ग) 2.15%
शंघाई कंपोजिट (चीन) 0.98%
क्रूड ऑयल 4.30% नीचे गिरा, डॉलर के मुकाबले रुपया 46 पैसे नीचे
वित्तीय बाजारों की खराब हालत का असर रुपए और क्रूड ऑयल पर रहा। डॉलर के मुकाबले रुपया 46 पैसे गिरकर 73.79 रुपए पर पहुंच गया। कारोबार के दौरान डॉलर के मुकाबले रुपया एक बार गिरकर 74.08 रुपए तक पहुंच गया था। क्रूड ऑयल के वैश्विक बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड में 4.30% की गिरावट देखने को मिली। ब्रेंट क्रूड 48.02 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया।

शेयर बाजारों में गिरावट से सोना 773 रुपए, चांदी 192 रुपए उछली
दुनिया भर में शेयर बाजारों में गिरावट से निवेशकों का रुझान सोने की तरफ बढ़ा। दिल्ली में सोने की कीमत प्रति 10 ग्राम बढ़कर 45,343 रुपए पर पहुंच गई। चांदी की कीमत प्रति किलो 192 रुपए बढ़कर 48,180 रुपए पर पहुंच गई। पिछले कारोबारी सत्र में प्रति 10 ग्राम सोने की कीमत 44,570 रुपए पर थी जबकि चांदी की कीमत 47,988 प्रति किलो थी।

Leave a Reply

WhatsApp chat
%d bloggers like this: