Singapore Indian Fine Arts Society (SIFAS) द्वारा आयोजित प्रतिष्ठित Festival of Arts 2026 के अंतर्गत प्रस्तुत विशेष कार्यक्रम “Infinite Rasa” भारतीय शास्त्रीय कला, संगीत और नृत्य का अद्भुत संगम बनकर दर्शकों के दिलों में गहरी छाप छोड़ गया।
सिंगापुर के आउटडोर एम्फीथिएटर में आयोजित इस भव्य सांस्कृतिक संध्या में कथक, तबला, सितार और शास्त्रीय गायन की मनमोहक प्रस्तुतियों ने भारतीय संस्कृति की समृद्ध परंपरा को अंतरराष्ट्रीय मंच पर नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया।
कार्यक्रम में प्रसिद्ध कथक कलाकार गुरु ज्योतिका जोशी, गुरु मिनहाज खान और गुरु आस्था चट्टराज ने अपनी भावपूर्ण और ऊर्जावान प्रस्तुतियों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कथक की सुंदर मुद्राएं, लयबद्ध पदचाप और भाव-अभिनय ने पूरे वातावरण को कला रस से सराबोर कर दिया।
वहीं, Rhythms Aesthetic Society का प्रतिनिधित्व करते हुए युवा तबला वादक तुषार गोयल ने अपनी शानदार ताल साधना और ऊर्जा से कार्यक्रम में नई जान भर दी। तबले की गूंज और जटिल लयकारी ने श्रोताओं की भरपूर तालियां बटोरीं।
प्रख्यात सितार वादक गुरु सुसांता चौधरी की मधुर सितार धुनों और गुरु सुभदीप कुमार बिस्वास के भावपूर्ण शास्त्रीय गायन ने कार्यक्रम को आध्यात्मिक ऊंचाई प्रदान की।
कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए कलाकारों ने SIFAS, National Arts Council Singapore, Arts Fund, Better Everyday तथा High Commission of India, Singapore के प्रति आभार व्यक्त किया।
कलाकारों ने कहा कि “Infinite Rasa” केवल एक प्रस्तुति नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, संगीत और नृत्य की आत्मा को विश्व मंच पर पहुंचाने का एक प्रयास है। सिंगापुर में भारतीय कला प्रेमियों द्वारा मिले प्रेम और सम्मान ने सभी कलाकारों को भावुक कर दिया।
कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित दर्शकों ने खड़े होकर कलाकारों का अभिवादन किया और भारतीय शास्त्रीय कला की इस अविस्मरणीय शाम की सराहना की।