बिहार में पहली बार आयुर्वेद और प्राकृतिक चिकित्सा के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक पहल होने जा रही है। दिव्य प्राकृतिक एवं आयुर्वेदिक चिकित्सा मिशन के तत्वावधान में आगामी 7 जून को सीतामढ़ी में विशाल निःशुल्क आयुर्वेदिक एवं प्राकृतिक चिकित्सा स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया जाएगा। इस संबंध में सोमवार को माँ जानकी जन्मस्थली पुनौरा धाम स्थित फुलमत नगर में एक विशेष प्रेस वार्ता आयोजित की गई।
प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए मिशन के संरक्षक एवं प्रख्यात समाजसेवी गजेंद्र झा ने कहा कि मिशन का लक्ष्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक आयुर्वेद एवं प्राकृतिक चिकित्सा की सुविधाएँ पहुंचाना और लोगों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना है। उन्होंने बताया कि देश के विभिन्न राज्यों में सफल स्वास्थ्य शिविरों के आयोजन के बाद अब बिहार में पहली बार इतने बड़े स्तर पर यह जनकल्याणकारी शिविर आयोजित किया जा रहा है।
इस अवसर पर विश्वविख्यात आयुर्वेदाचार्य एवं प्राकृतिक चिकित्सा विशेषज्ञ, भारद्वाज ऋषि परंपरा के वंशज वैद्य श्री आशु भारद्वाज जी के आगमन की जानकारी दी गई। वैद्य आशु भारद्वाज ने कहा कि आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली अनेक गंभीर बीमारियों को जन्म दे रही है, जिनका प्रभावी और स्थायी समाधान आयुर्वेद एवं प्राकृतिक चिकित्सा में उपलब्ध है। उन्होंने बताया कि शिविर में आने वाले लोगों को निःशुल्क स्वास्थ्य परामर्श, रोग परीक्षण, जीवनशैली संबंधी मार्गदर्शन तथा आयुर्वेदिक एवं प्राकृतिक चिकित्सा के उपाय उपलब्ध कराए जाएंगे।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह शिविर न केवल हजारों लोगों को स्वास्थ्य लाभ प्रदान करेगा, बल्कि बिहार में प्राकृतिक चिकित्सा और आयुर्वेद के प्रति नई जागरूकता भी उत्पन्न करेगा।
मिशन के पदाधिकारियों ने बताया कि यह आयोजन केवल चिकित्सा सेवा तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि जनमानस को रोगमुक्त और स्वस्थ जीवन की दिशा में प्रेरित करने वाला एक व्यापक स्वास्थ्य जागरूकता अभियान सिद्ध होगा। उन्होंने सभी नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में शिविर में भाग लेकर इसका लाभ उठाने की अपील की।